Skip to content
होली

त्योहार गाइड 2089

होली

होली बुराई पर अच्छाई की विजय का उत्सव है — राक्षसी होलिका का दहन और प्रह्लाद की भक्ति। अगले दिन, रंगवाली होली, राधा और कृष्ण के दिव्य प्रेम का रंगों का त्योहार है।

होलिका दहन मुहूर्त

कब पढ़ें

त्योहार तिथियाँ लोड हो रही हैं।

मुख्य समय

होलिका दहन मुहूर्त

उत्सव अवधि

2 दिन का उत्सव

त्योहार की कहानी

कैलेंडर लोड होते ही सटीक तिथियाँ दिखेंगी।

पहले कहानी पढ़ें

समय देखने से पहले पर्व की धड़कन समझें

इस वर्ष के लिए सटीक पर्व समय अभी लोड हो रहा है।

मनाया जाता है

तिथि लोड हो रही है

मुख्य समय

होलिका दहन मुहूर्त

उत्सव अवधि

2 दिन का पर्व

त्योहार का महत्व

यह पर्व स्मृति में क्यों जीवित रहता है

होली बुराई पर अच्छाई की विजय का उत्सव है — राक्षसी होलिका का दहन और प्रह्लाद की भक्ति। अगले दिन, रंगवाली होली, राधा और कृष्ण के दिव्य प्रेम का रंगों का त्योहार है।

अनुष्ठान पथ

अनुष्ठान

दिन 1 (होलिका दहन): सूर्यास्त के बाद प्रदोष काल में होलिका दहन करें। परिक्रमा करें। दिन 2 (रंगवाली होली): रंगों और पानी से खेलें, गुझिया और ठंडाई खाएँ, लोक संगीत पर नाचें।

कैसे समझें

उत्सव की लय

पहले समय पढ़ें, फिर मुख्य अनुष्ठान, फिर स्थानीय संदर्भ, ताकि पर्व की वास्तविक लय समझ आए।

वाराणसी में

जहां शहर अपनी अलग छाप जोड़ता है

वाराणसी की होली प्रसिद्ध है। उत्सव काशी विश्वनाथ में रंग भरी एकादशी से एक सप्ताह पहले शुरू होता है। हर घाट पर होलिका दहन की आग जलाई जाती है। अगले दिन पूरा शहर रंगों में डूब जाता है, मणिकर्णिका और अस्सी घाट पर विशेष उत्सव होते हैं। भांग वाली ठंडाई विशेष पेय है।