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अंक पैटर्नघात और घातांकमध्यम

दुगुनी होती शतरंज

पहले घर पर एक दाना, हर घर पर दुगुना — गिनती कल्पना से परे बढ़ जाती है।

हल किया हुआ उदाहरण

एक शतरंज पट के पहले घर पर आप 1 चावल रखते हैं, फिर हर अगले घर पर चावल दुगुने करते जाते हैं। घर संख्या 22 पर कितने चावल होंगे?

खुद आज़माएँ

यह क्यों काम करता है

घर k पर 2^(k-1) दाने होते हैं; 63 बार दुगुना होकर संख्या किसी भी फ़सल से बड़ी हो जाती है — चरघातांकी वृद्धि की पहचान।

पृष्ठभूमि और और जानें

गेहूँ-और-शतरंज की कथा चरघातांकी वृद्धि दिखाती है — वही गणित जो चक्रवृद्धि ब्याज, वायरल प्रसार और मूर के नियम के पीछे है।

Maths Made Magic — Queen Mary University of London (cs4fn)

दुगुनी होती शतरंज — गणित का जादू | हैलोबनारस