वाराणसी एयर शो 2026: नमो घाट पर विंग्स ओवर गंगा
पहली बार भारतीय वायुसेना वाराणसी में हवाई प्रदर्शन कर रही है: 22, 24 और 25 अक्टूबर 2026 को नमो घाट के सामने गंगा के ऊपर लड़ाकू विमान और दो एरोबेटिक टीमें उड़ेंगी।
पढ़ने में 8 मिनट
"विंग्स ओवर गंगा" नाम का यह आयोजन वायुसेना की 94वीं वर्षगांठ पर हो रहा है, और नदी किनारे बने दर्शक क्षेत्रों से आम लोग इसे देख सकेंगे।
एक नज़र में
तारीखें और समय
यह आयोजन वायुसेना की मध्य वायु कमान (सेंट्रल एयर कमांड, मुख्यालय बमरौली, प्रयागराज) कर रही है। उसकी घोषणाओं और 16 अक्टूबर से वायुसेना के X पोस्ट में प्रदर्शन के तीन दिन बताए गए हैं। सितंबर और अक्टूबर की शुरुआत की कुछ खबरों में 22, 23 और 25 अक्टूबर, फिर 24 से 26 अक्टूबर लिखा था; वायुसेना की अपनी तारीखें नीचे हैं।
| दिन | क्या होगा |
|---|---|
| मंगल 20 और बुध 21 अक्टूबर | नदी के ऊपर रिहर्सल उड़ानों की खबर है। विमानों की उड़ान के दौरान नावें और राजघाट (मालवीय) पुल रोके जा सकते हैं। |
| गुरु 22 अक्टूबर | पहला (उद्घाटन) प्रदर्शन। |
| शनि 24 अक्टूबर | दूसरा प्रदर्शन। खबरों के अनुसार इस दिन सूर्यकिरण टीम नौ जेट के साथ करतब दिखाएगी। |
| रवि 25 अक्टूबर | समापन और मुख्य प्रदर्शन। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के नमो घाट से शो देखने की संभावना है; खबरों के अनुसार सारंग हेलीकॉप्टर टीम प्रदर्शन करेगी। |
समय: तैयारी बैठकों की खबरों के अनुसार उड़ानें दोपहर के आसपास, लगभग 12 बजे से 2 बजे के बीच होंगी, और हर प्रदर्शन करीब 90 मिनट का होगा। वायुसेना ने कहा है कि सटीक समय और दर्शक स्थल कार्यक्रम के करीब घोषित होंगे, इसलिए एक शाम पहले उसके आधिकारिक अकाउंट देख लें।
कौन-से विमान उड़ेंगे
सूर्यकिरण एरोबेटिक टीम
वायुसेना की यह जेट प्रदर्शन टीम 1996 में बनी थी और HAL में बने नौ हॉक Mk 132 विमान उड़ाती है। लूप, बैरल रोल, उलटी उड़ान और "DNA" करतब देखने को मिलेंगे, और केसरिया, सफ़ेद व हरे धुएँ से आसमान में तिरंगा बनेगा। टीम देश-विदेश में 850 से ज़्यादा प्रदर्शन कर चुकी है, और इसके पाँच अधिकारी उत्तर प्रदेश के हैं।
सारंग हेलीकॉप्टर डिस्प्ले टीम
2003 में बनी सारंग टीम पाँच स्वदेशी ALH ध्रुव हेलीकॉप्टरों के साथ बेहद पास-पास की फ़ॉर्मेशन में उड़ती है। हेलीकॉप्टर जेट से नीचे और धीमे उड़ते हैं, इसलिए शो का यह हिस्सा नदी किनारे से सबसे अच्छा दिखेगा।
लड़ाकू विमान
वायुसेना के अग्रिम पंक्ति के लड़ाकू विमान राफ़ेल और सुखोई Su-30MKI, और स्वदेशी हल्का लड़ाकू विमान तेजस फ़्लाईपास्ट में शामिल हैं।
हेलीकॉप्टर और मालवाहक विमान
LCH प्रचंड लड़ाकू हेलीकॉप्टर, और बड़े मालवाहक व ईंधन भरने वाले विमान: IL-76, IL-78, C-295 और AN-32। नौसेना और थलसेना के विमान भी शामिल होंगे।
उड़ानें गंगा के ऊपर नमो घाट से दक्षिण की ओर, अस्सी घाट की दिशा में होंगी। एक साथ कई विमान करतब दिखाएँगे, इसलिए आसमान पूरे समय व्यस्त रहेगा।
कहाँ से देखें
नमो घाट आम लोगों के लिए खुला नहीं है। वायुसेना ने 16 अक्टूबर को इसे प्रदर्शन के नियंत्रण केंद्र के रूप में अपने हाथ में ले लिया, और 26 अक्टूबर तक यह पर्यटकों व स्थानीय लोगों के लिए बंद रहेगा; यहीं VIP मंच है। आम दर्शकों के लिए अलग स्थान तय हैं।
वरुणा किनारे के ब्लॉक
नमो घाट से लगभग 2 किमी दूर वरुणा किनारे सरायमोहन घाट से खाकी कुटी बाबा मंदिर घाट तक दस दर्शक ब्लॉक बनाए जा रहे हैं। हर बाड़े में महिला पुलिसकर्मी रहेंगी।
गंगा पार डोमरी
गंगा के उस पार डोमरी की खुली रेती को बड़े दर्शक क्षेत्र के रूप में तैयार किया जा रहा है, जहाँ से नदी साफ़ दिखती है। पुलिस ने भीड़ प्रबंधन के लिए डोमरी और कोदोपुर घाट का निरीक्षण किया है।
घाट और छतें
नदी के ऊपर उड़ते विमान कई घाटों और छतों से भी दिखेंगे। पुलिस छतों पर भी गश्त करेगी; सुरक्षित, रेलिंग वाली छत पर ही रहें और निर्देश मानें।
आधिकारिक जानकारी
सेंट्रल एयर कमांड X (@CAC_CPRO) पर और भारतीय वायुसेना अपने चैनलों पर जानकारी देती है। अंतिम समय, दर्शक स्थल और किसी भी लाइव प्रसारण के लिए वहीं देखें।
पहुँचना, पार्किंग और रास्तों में बदलाव
पुलिस को दोनों किनारों पर 30 लाख तक लोगों की भीड़ का अनुमान है, इसलिए वैसी ही तैयारी करें जैसी देव दीपावली पर करते हैं।
- पार्किंग: दर्शक क्षेत्रों के पास ज़ोन के हिसाब से पार्किंग बनाई जा रही है। दूसरे ज़िलों से आने वालों के लिए रामनगर–पड़ाव की ओर पार्किंग तय की जा रही है।
- ट्रैफ़िक: शो के दिनों के लिए पुलिस ने शहर और बाहर के ट्रैफ़िक के लिए चार अलग ट्रैफ़िक प्लान बनाए हैं, जिनमें डायवर्जन और बैरियर हैं। गाड़ी जल्दी छोड़ें और आख़िरी हिस्सा पैदल चलने को तैयार रहें।
- नाव और पुल: प्रदर्शन और रिहर्सल के दौरान गंगा में नावें रोकी जाएँगी, और उड़ान के समय राजघाट पुल बंद हो सकता है। दोपहर में नाव की सैर या नदी पार करने की योजना न बनाएँ।
- आपात स्थिति: तीन ग्रीन कॉरिडोर से BHU ट्रॉमा सेंटर, सर सुंदरलाल अस्पताल, SSPG (शिवप्रसाद गुप्त) अस्पताल और पं. दीनदयाल उपाध्याय अस्पताल तक एंबुलेंस का रास्ता खुला रहेगा। 79 अस्थायी पुलिस चौकियाँ बनी हैं: 48 शहर में और 31 घाटों पर।
लागू नियम
- ड्रोन नहीं। ज़िला प्रशासन ने शो के आसपास ड्रोन उड़ाने पर रोक लगाई है।
- 19–26 अक्टूबर मांस की दुकानें बंद। पक्षियों को दूर रखने के लिए नगर निगम ने आयोजन स्थल के 20–30 किमी के दायरे में मांस काटने और बेचने पर रोक लगाई है; नीची उड़ान वाले प्रदर्शन में पक्षी टकराना सबसे बड़ा ख़तरा है। घाटों से आवारा पशुओं को भी दूर रखा जा रहा है।
- 16–26 अक्टूबर नमो घाट बंद। तीनों प्रवेश द्वार आम लोगों के लिए बंद हैं।
जाने से पहले
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
वाराणसी एयर शो कब है?
गुरुवार 22, शनिवार 24 और रविवार 25 अक्टूबर 2026 को, दोपहर के आसपास। रविवार 25 तारीख़ को समापन और मुख्य प्रदर्शन है। 20 और 21 अक्टूबर को रिहर्सल की खबर है।
क्या टिकट या प्रवेश पास चाहिए?
कोई टिकट घोषित नहीं हुआ है। तय दर्शक क्षेत्रों से प्रदर्शन आम लोगों के लिए खुला है; केवल नमो घाट, यानी VIP और नियंत्रण क्षेत्र, बंद है।
क्या नमो घाट से देख सकते हैं?
नहीं। नमो घाट 16 से 26 अक्टूबर तक आम लोगों के लिए बंद है। वरुणा किनारे के ब्लॉक, गंगा पार डोमरी की रेती या नदी किनारे के दूसरे स्थान चुनें।
कौन-से विमान उड़ेंगे?
सूर्यकिरण टीम के नौ हॉक जेट, सारंग टीम के पाँच ध्रुव हेलीकॉप्टर, राफ़ेल, Su-30MKI और तेजस लड़ाकू विमान, LCH प्रचंड हेलीकॉप्टर, और IL-76, IL-78, C-295 व AN-32 मालवाहक विमान, साथ में नौसेना और थलसेना के विमान भी।
क्या शो के दौरान गंगा में नावें चलेंगी?
नहीं। शो के दिनों और रिहर्सल के दौरान, विमानों की उड़ान के समय नाव सेवाएँ रोकी जा रही हैं।
क्या वीडियो बनाने के लिए ड्रोन उड़ा सकते हैं?
नहीं। ज़िला प्रशासन ने शो के आसपास ड्रोन पर रोक लगाई है।